परिवार के ग्रुप में भी हुई चर्चा, सबने कहा- नहीं होगा
पिछले कुछ समय से यह अफवाहें ज़ोरों पर थीं कि रणबीर कपूर अपने दादा राज कपूर के ऐतिहासिक RK स्टूडियो को फिर से जीवित करने की योजना बना रहे हैं। लेकिन अब करीना कपूर खान ने मुंबई के एक कार्यक्रम में इन सभी अटकलों पर विराम लगा दिया। उन्होंने साफ कहा कि यह बात सच नहीं है और यह मुद्दा तो उनके पारिवारिक व्हाट्सऐप ग्रुप में भी उठा था, जहाँ सभी ने एकमत होकर कहा कि ऐसा कुछ नहीं होने वाला।
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रणबीर का फोकस सिर्फ अभिनय
करीना ने माना कि प्रशंसक वाकई चाहते हैं कि कपूर खानदान की यह पीढ़ी उस विरासत को आगे बढ़ाए। लेकिन उन्होंने स्पष्ट किया कि रणबीर इस वक्त पूरी तरह अभिनय में डूबे हुए हैं। उन्होंने रणबीर को आज के दौर का सबसे बेहतरीन अभिनेता बताया और कहा कि वे इसी पर ध्यान केंद्रित करना चाहते हैं। “यह दिल को दुखाने वाली बात है, लेकिन यह होने वाला नहीं है” यही करीना के शब्द थे।
रणबीर और करिश्मा ही कर सकते थे यह काम
करीना ने यह भी जोड़ा कि अगर कोई इस ज़िम्मेदारी को उठा सकता था, तो वह सिर्फ रणबीर और करिश्मा कपूर ही होते- क्योंकि वे परिवार की मौजूदा पीढ़ी में सबसे सफल कलाकार हैं। उन्होंने खुद को इस भूमिका के लिए उपयुक्त नहीं माना क्योंकि उनकी सोच न तो निर्देशक की है और न ही निर्माता की।
RK स्टूडियो- एक युग की निशानी
1948 में राज कपूर द्वारा स्थापित RK स्टूडियो ने दशकों तक भारतीय सिनेमा की पहचान को आकार दिया। बरसात, आवारा, मेरा नाम जोकर, सत्यम शिवम सुंदरम और प्रेम रोग जैसी कालजयी फिल्में इसी स्टूडियो की देन हैं। 2017 में आग लगने के बाद स्टूडियो की हालत बिगड़ गई थी और बाद में इसे बेच दिया गया।
करीना का अपना सफर जारी
इस दौरान करीना ने अपने यादगार किरदारों- जब वी मेट की गीत और कभी खुशी कभी गम की पू- पर भी बात की। उन्होंने कहा कि नई पीढ़ी इन किरदारों से प्रेरित तो है, लेकिन उनकी नकल नहीं करना चाहती। करीना आगे मेघना गुलज़ार की फिल्म ‘दायरा’ में नज़र आएंगी और एक मिनीसीरीज़ करने की भी इच्छा जताई।
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निष्कर्ष
RK स्टूडियो की वापसी न होना कपूर परिवार के प्रशंसकों के लिए निराशाजनक ज़रूर है, लेकिन यह फैसला समझ में आता है। विरासत को संजोना और उसे फिर से खड़ा करना, दोनों अलग-अलग ज़िम्मेदारियाँ हैं। रणबीर का अभिनय के प्रति समर्पण भी उसी विरासत को एक अलग तरीके से आगे ले जा रहा है।