नई दिल्ली। आरक्षण पर सुप्रीम कोर्ट के फैसले के विरोध में दलित और आदिवासी संगठनों ने बुधवार को ‘भारत बंद’ आह्वान किया। ‘भारत बंद’ का असर UP, BIHAR, RAJASTHAN, ORISSA, MP आदि राज्यों में देखने को मिला। बिहार में पुलिस ने प्रदर्शनकारियों पर लाठीचार्ज कर दिया। उधर, BSP CHIEF मायावती ने कहा कि विपक्षी दल आरक्षण से कोई खिलवाड़ न करे। यह डॉ. आंबेडकर के प्रयासों का ही नतीजा है कि दलितों के साथ OBC समाज को उनका हक मिला है।
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बरेली में आरक्षण बचाओ संघर्ष समिति के बैनर तले हजारों लोग सड़कों पर उतरे
उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा, कांग्रेस आदि दल आरक्षण के खिलाफ साजिश रच रहे हैं। इसे निष्प्रभावी बनाते हुए खत्म करने का प्रयास कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि SC-ST आरक्षण में उप-वर्गीकरण के सुप्रीम कोर्ट के फैसले को लेकर इन वर्गों में काफी आक्रोश है। भारत बंद का बसपा ने भी समर्थन किया है और बंद में बिना किसी हिंसा के अनुशासित व शांतिपूर्ण तरीके से शामिल होने की अपील की है। बरेली में भारत बंद के दौरान आरक्षण बचाओ संघर्ष समिति के बैनर तले हजारों लोग सड़कों पर उतर आए।
bharat bandh
ओडिशा में रेल सेवा रही प्रभावित
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भीम आर्मी व आजाद समाज पार्टी समेत तमाम संगठनों के लोगों ने सड़कों पर जोरदार विरोध प्रदर्शन किया। शाहजहांपुर और बदायूं में भी आरक्षण पर फैसले के विरोध में प्रदर्शन किया गया। लखीमपुर खीरी में रैली निकालकर विरोध जताया गया। जबकि ओडिशा में रेल सेवा प्रभावित रही।
बिहार में आरक्षण पर सुप्रीम कोर्ट के फैसले के खिलाफ भारत बंद के समर्थन में प्रदर्शन कर रहे लोगों पर पुलिस ने पटना में लाठीचार्ज कर दिया। मध्य प्रदेश के ग्वालियर में भारत बंद को लेकर पुलिस के पुख़्ता इंतजाम किए थे। आरक्षण बचाओ संघर्ष समिति ने SC-ST आरक्षण पर सुप्रीम कोर्ट के फैसले के विरोध और इसे पलटने की मांग को लेकर भारत बंद का आह्वान किया है।