सबसे बड़े स्नान पर्व मौनी अमावस्या पर 21 जनवरी को 17 घाटों पर पुण्य की मौन डुबकी लगेगी. इस स्नान पर्व पर अधिक भीड़ आने के अनुमान को लेकर दो घाट बढ़ाए जाएंगे. मंगलवार को मौनी अमावस्या स्नान पर्व की तैयारियों पर मंथन के बाद मेला प्रशासन ने यह निर्णय लिया.इससे पहले मकर संक्रांति पर 15 घाटों पर स्नान की व्यवस्था की गई थी.स्नान पर्व की तैयारियों के बीच चकर्ड प्लेटें बदलने, पथ प्रकाश, पेयजल और सफाई व्यवस्था को दुरुस्त रखने के निर्देश दिए गए. मौनी अमावस्या पर इस बार अपार जन सैलाब उमड़ने का अनुमान है. इसे देखते हुए अभी से तैयारियां तेज कर दी गई हैं.इसके साथ ही सुरक्षा की भी व्यवस्था चाक चौबंद हैं.
पढ़ें :- Aaj Ka Rashifal: हृदय और BP पर असर, रहें सतर्क
मुख्य सचिव दुर्गा शंकर मिश्र के अपर मुख्य सचिव अमृत अभिजात ने भी मौनी अमावस्या स्नान पर्व की तैयारियों की जानकारी ली है. साथ ही अफसरों के साथ समन्वय बनाकर सुरक्षा और भीड़ प्रबंधन के साथ सुविधाओं का ख्याल रखने का निर्देश दिया है.मेलाधिकारी अरविंद कुमार चौहान ने विभागवार अधिकारियों की बैठक ली.
इस दौरान आठ सौ फीट घाटों की लंबाई बढ़ाने का निर्णय लिया गया. सिंचाई विभाग बाढ़ प्रखंड के अभियंताओं को स्नान घाटों को दुरुस्त कराने के साथ ही दो नए घाट बनाने के निर्देश दिए गए. सेक्टरवाइज जगह मिलने पर कुछ घाटों की लंबाई बढ़ाई भी जा सकती है. मेलाधिकारी ने बताया कि चकर्ड प्लेट मार्गों की मरम्मत कराने के साथ ही पथ प्रकाश और सफाई व्यवस्था को नए सिरे से देखने के लिए कहा गया है.
मौनी अमावस्या स्नान पर्व पर भीड़ के अनुमान के आधार पर पुलिस ने मंगलवार को ओम नम: शिवाय अन्नक्षेत्र को 20 और 21 जनवरी को दो दिन बंद रखने का निर्देश दिया है. इस संस्था के शिविरों में प्रतिदिन हजारों की संख्या में संत और भक्त प्रसाद ग्रहण करते हैं.
मौनी पर चलेंगी 2800 बसें
पढ़ें :- Aaj Ka Rashifal: गर्मी बढ़ाएगा चंद्रमा प्रभाव
मौनी अमावस्या के मौके पर रोडवेज की ओर से 2800 बसें चलाई जाएंगी. मंगलवार को हुई बैठक में स्नानार्थियों की संभावित भीड़ को देखते हुए 10 क्षेत्रीय कार्योंलयों के अफसरों की मौजूूदगी में बसों के संचालन की योजना बनाई गई. इस मौके पर 2800 बसों के संचालन का निर्णय लिया गया. वाराणसी, लखनऊ, मिर्जापुर, कानपुर समेत 100 मार्गों पर विशेष चलाई जाएंगी. 200 बसें रिजर्व में रहेंगी.