नई दिल्ली, 07 अप्रैल। विदेश मंत्रालय ने कहा कि एक पड़ोसी और घनिष्ठ मित्र के रूप में भारत श्रीलंका में बदल रहे आर्थिक और अन्य घटनाक्रम पर नजर बनाए हुए है। भारत ‘पड़ोसी प्रथम’ नीति के तहत श्रीलंका के साथ पोस्ट-कोविड आर्थिक सुधार के लिए तेजी से काम करने को तैयार है।
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श्रीलंका को भारत का पिछले 3 महीनों में करीब 2.5 अरब अमेरिकी डॉलर का समर्थन
विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता अरिंदम बागची ने गुरुवार को कहा कि श्रीलंका के लोगों के सामने आने वाली कुछ आर्थिक कठिनाइयों को कम करने के लिए भारत ने पिछले 3 महीनों में लगभग 2.5 अरब अमेरिकी डॉलर का समर्थन दिया है। जिसमें ईंधन और भोजन के लिए ऋण सुविधाएं शामिल हैं। मार्च के मध्य से 2 लाख 70 हजार मीट्रिक टन से अधिक डीजल और पेट्रोल श्रीलंका को दिया गया है। इसके अलावा श्रीलंका को हाल ही में विस्तारित एक अरब अमेरिकी डॉलर की ऋण सुविधा के तहत लगभग 40 हजार टन चावल की आपूर्ति की गई है।
गौरतलब है कि पर्यटन पर आधारित श्रीलंका की अर्थव्यवस्था हाल के दिनों में काफी चुनौतीपूर्ण कालखंड से गुजर रही है। इसके चलते वहां राजनीतिक उथल-पुथल भी चल रही है।