Vastu Tips: वास्तु शास्त्र का संबंध व्यक्ति के जीवन से जुड़ा होता है ,हर व्यक्ति सोचता है कि उसे हर प्रकार कि खुशि मिले उसका अपना शानदार घर हो, घर में सुख समृद्धि हो, पॉजिटिव वाइब्रेशन हो,और चारो तरफ सकारात्मक ऊर्जा हो, लेकिन ये तभी मुमकिन है जब हम वास्तु शास्त्र के कुछ नियम को अपनाए
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कई बार हम देखते है कि काफी मेहनत करने के बाद भी सफलता नही मिल पाति है.और इसके लिए हम अपने भाग्य को दोष देने लगते है,जबकि इसके पीछे कई बार वास्तु दोष होता है,घर में सकारात्मक ऊर्जा रहने पर परिवार में आर्थिक समृद्धि, सुख, वैभव और अच्छी सेहत मिलती है,वही नकारात्मक ऊर्जा रहने पर कई प्रकार कि परेशानी आ जाती है, वास्तु शास्त्र के अनुसार अगर घर में किसी प्रकार का कोई वास्तु दोष है तो घर के प्रत्येक सदस्य पर उसका नकारात्मक प्रभाव पड़ता है
वास्तु के कुछ खाश टिप्स
*घर के मुख्य द्वार के ऊपर सिंदूर से स्वास्तिक जरूर बनाए,स्वास्तिक 9 अंगुल लंबा और 9 मीटर चौड़ा होना चाहिए,इससे रोग व शोक में यानी दुख में कमी आती है
*घर में हमेशा ईशान, उत्तर या पूर्व दिशा में पूजा स्थल बनाकर पूजा करें,प्रत्येक कोने में देवी-देवताओं के चित्र या मूर्ति न रखे
*घर की सुख-समृद्धि रसोईघर से झलकती है। यदि आपकी रसोई गलत दिशा में है इसके वास्तु दोष को समाप्त करने के लिए आग्नेय कोण में बल्ब लगा दें और हर रोज ध्यान से सुबह-शाम उस बल्ब को जरूर जलाकर रखें।
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*हमें घर का निर्माण करने से पहले भूमि पूजा अवश्य करवानी चाहिए. इसके बाद किस चीज का कहां पर निर्माण हो और किन चीजों से शुभ फल की प्राप्ति हो, उस पर कार्य किया जाना चाहिए
*हमें भूल कर भी घर बनवाते समय पुरानी लकड़ी, ईंटों या शीशा आदि का प्रयोग नहीं करना चाहिए। इससे घर में नकारात्मक ऊर्जा आती है जिसका घर के हर सदस्य के मना स्थिति पर असर पड़ता है