चंडीगढ़, 27 फरवरी। हरियाणा सरकार विधानसभा के बजट सत्र में धर्मांतरण के खिलाफ विधेयक पेश करेगी। हरियाणा मंत्रिमंडल की बैठक में पहले ही इसे मंजूरी दी जा चुकी है। हरियाणा का बजट सत्र 2 मार्च से शुरू होगा। इसकी अवधि पर सोमवार को बिजनेस सलाहकार समिति की बैठक में फैसला होना है।
पढ़ें :- बंगाल में BJP की आंधी? एग्जिट पोल vs असली सच्चाई
हरियाणा गैरकानूनी धर्मांतरण रोकथाम विधयेक-2022
बजट सत्र में हरियाणा गैरकानूनी धर्मांतरण रोकथाम विधयेक-2022 लाया जाएगा। विधेयक के मुताबिक धर्मांतरण से पहले संबंधित जिले के डीसी को सूचना देनी होगी। इस कानून के लागू होने से राज्य में शादी का झांसा देकर, बल, प्रलोभन या किसी भी तरह के अनैतिक तरीकों से धर्म परिवर्तन कराने के किसी भी प्रयास को रोका जा सकेगा।
बाकी राज्यों के कानून को स्टडी कर मसौदा तैयार हुआ
करीब दो साल पहले फरीदाबाद में हुए घटनाक्रम के बाद सरकार ने गैरकानूनी धर्मांतरण रोकथाम कानून बनाने का फैसला किया था। इस तरह का कानून उत्तर प्रदेश और हिमाचल प्रदेश जैसे राज्यों में पहले से लागू है। हरियाणा सरकार के अफसरों ने इन राज्यों के कानून को स्टडी कर इसका मसौदा तैयार किया था।
पढ़ें :- बंगाल वोटिंग: 142 सीटों पर कड़ा सियासी मुकाबला
बतादें कि सरकार पिछले बजट सत्र में ये विधेयक लेकर आई थी। सरकार इसे अध्यादेश के रूप में लागू करना चाहती थी। विपक्ष की आपत्ति पर इस लंबित कर दिया गया था। अब इस बिल में कुछ संशोधन किए गए हैं।