Advertisement
  1. हिन्दी समाचार
  2. उत्तर प्रदेश
  3. हिस्ट्रीशीटर को पकड़ने गई पुलिस खुद ही फंस गई, परिजनों ने पुलिस पर हत्या का आरोप लगा शव के साथ किया प्रदर्शन, एसओ समेत तीन पुलिसकर्मी निलंबित

हिस्ट्रीशीटर को पकड़ने गई पुलिस खुद ही फंस गई, परिजनों ने पुलिस पर हत्या का आरोप लगा शव के साथ किया प्रदर्शन, एसओ समेत तीन पुलिसकर्मी निलंबित

By Rajni 

Updated Date

गाजीपुर। यूपी के गाजीपुर जिले में पुलिस अधीक्षक कार्यालय के सामने उस वक्त अफरातफरी मच गई। जब  एसपी कार्यालय के सामने महिला का शव रखकर मृतका के परिजनों, सपा नेताओं व कार्यकर्ताओं ने प्रदर्शन शुरू कर दिया।

पढ़ें :- खेल जगत में शोक की लहर, एशियन पैरा गेम्स के गोल्ड मेडलिस्ट नीरज यादव ने की आत्महत्या

प्रदर्शन कर रहे मृतका नंदनी के परिजन और सपा नेताओं ने खानपुर थाने की पुलिस समेत अन्य पुलिसकर्मियों पर धारा 302 का मामला दर्ज कर गिरफ्तार करने और मृतका के परिजनों को मुआवजा देने की मांग की।

पिता ने पुलिस पर बेटी को मार डालने का लगाया आरोप

एसपी ओमवीर सिंह ने बताया कि मामले में प्रथम दृष्टया पुलिसकर्मियों की लापरवाही सामने आई है। एसओ समेत 3 पुलिसकर्मियों को निलंबित कर दिया गया है। मृतका के पिता गोरखनाथ यादव ने बताया कि पुलिस ने मेरी बेटी को पटक-पटक कर मार डाला। वह अपने पति को छुड़ा रही थी। इस दौरान पुलिस ने उसे जमीन पटक दिया, जिससे उसके नाक और मुंह से खून निकलने लगा और तुरंत उसकी मौत हो गई।

जिला पंचायत सदस्य कमलेश यादव ने बताया कि मृतका के पति विकास यादव पर पुलिस ने कई फर्जी मुकदमा दर्ज कर रखा था। पुलिस की प्रताड़ना से तंग आकर वह अपने परिवार को लेकर अपने ननिहाल चला गया था। लेकिन पुलिस ने उसका पीछा वहां भी नहीं छोड़ा। 6 जून की रात तीन बजे पुलिस वहां पहुंच जाती है और जब मृतका इसका विरोध करती है तब पुलिस उसको इतना मारती है कि उसकी मौत हो जाती है।

पढ़ें :- सहारनपुर मस्जिद ध्वस्तीकरण: हाईकोर्ट ने यूपी सरकार से मांगा जवाब, 12 अक्टूबर को अगली सुनवाई

दरवाजा तोड़कर घर में घुसने का पुलिस पर आरोप

उन्होंने बताया कि विकास यादव को भी गोली लगी है जिसका जिला अस्पताल में इलाज चल रहा है। वहीं विकास यादव के भाई सोनू यादव ने बताया कि रात 2.30 बजे खानपुर एसओ अपनी टीम के साथ पहुंचे और दरवाजे को तोड़कर घर में घुस गए और मेरे भाई को ले जाने लगे। जब मेरी भाभी ने इसका विरोध किया तो पुलिस ने उसे धक्का दे दिया, जिससे उसकी मौत हो गई।

जंगीपुर से समाजवादी पार्टी के विधायक बीरेंद्र यादव ने बताया कि घटना बहुत निंदनीय है। उन्होंने कहा कि दोषी पुलिकर्मियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज हो। विधायक ने कहा कि जरूरत पड़ी तो मामले को विधानसभा में भी उठाया जाएगा।

वहीं एसपी ओमवीर सिंह ने बताया कि मामले में प्रथम दृष्टया पुलिसकर्मियों की लापरवाही सामने आई है। एसओ समेत 3 पुलिसकर्मियों को निलंबित कर दिया गया है। उन्होंने बताया कि विकास यादव हिस्ट्रीशीटर है और गिरफ्तार करने के लिए जब पुलिस ने दबिश दिया तब ये घटना हुई है। जिलाधिकारी ने मामले की उच्चस्तरीय जांच के आदेश दिए हैं।

पढ़ें :- यूपी पुलिस को मिल रही स्पेशल ट्रेनिंग, अब सड़क हादसों में बचेंगी जानें
Advertisement