नई दिल्ली| 19 अगस्त 2026: दिल्ली में हरित, सुरक्षित और आधुनिक सार्वजनिक परिवहन को बढ़ावा देने के लिए 200 नई जीरो-एमिशन इलेक्ट्रिक बसें सड़कों पर उतारी गईं। उपराज्यपाल तरनजीत सिंह संधू और मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने दिल्ली यूनिवर्सिटी स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स से बसों को हरी झंडी दिखाई। इस दौरान दिल्ली-करनाल ई-बस सेवा, महिलाओं के लिए 56 लेडीज स्पेशल बस सेवाओं और राजघाट डिपो-1 में सार्वजनिक ईवी चार्जिंग स्टेशन का भी शुभारंभ किया गया।
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200 नई ईवी बसों के साथ बेड़ा 5 हजार के पार
दिल्ली में 200 नई इलेक्ट्रिक बसों के शामिल होने के बाद डीटीसी का ईवी बस बेड़ा 5,000 के पार पहुंच गया है। नई बसों में 88 बारह मीटर और 112 नौ मीटर की इलेक्ट्रिक बसें शामिल हैं। ये सभी लो-फ्लोर और एयर-कंडीशंड बसें हैं। सरकार की योजना वित्त वर्ष 2028-29 तक दिल्ली के कुल बस बेड़े को करीब 14,000 बसों तक बढ़ाने और डीटीसी की बसों को इलेक्ट्रिक में बदलने की है।
मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने कहा कि 2026 में लगातार इलेक्ट्रिक बसें बेड़े में जोड़ी गई हैं। फरवरी में 500, मार्च में 300, अप्रैल में 200, जुलाई में 300 और अब 200 नई ईवी बसें शामिल की गई हैं। इससे दिल्ली का कुल बस बेड़ा करीब 6,800 तक पहुंच गया है।
दिल्ली-करनाल के बीच शुरू हुई ई-बस सेवा
दिल्ली से हरियाणा के प्रमुख शहरों को स्वच्छ और सुविधाजनक सार्वजनिक परिवहन से जोड़ने के लिए दिल्ली-करनाल अंतरराज्यीय ई-बस सेवा शुरू की गई है। इस रूट पर पांच इलेक्ट्रिक और एयर-कंडीशंड बसें संचालित होंगी। दोनों दिशाओं में प्रतिदिन 10-10 यात्राएं निर्धारित की गई हैं।
कश्मीरी गेट से करनाल तक किराया करीब 212 रुपये रखा गया है। इस मार्ग में सिंघु बॉर्डर, राय, बहालगढ़, मुरथल, गन्नौर, समालखा, पानीपत, घरौंडा और मधुबन जैसे प्रमुख स्थान शामिल हैं। इससे दिल्ली और हरियाणा के बीच पर्यावरण-अनुकूल सार्वजनिक परिवहन को बढ़ावा मिलेगा।
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CM Rekha Gupta
महिलाओं और छात्राओं के लिए 56 लेडीज स्पेशल सेवाएं
महिलाओं और छात्राओं की सुरक्षित, सम्मानजनक और सुविधाजनक यात्रा के लिए राजधानी में 56 समर्पित लेडीज स्पेशल ई-बस सेवाएं शुरू की जा रही हैं। इनमें 15 हाई-डिमांड रूट पर 30 लेडीज स्पेशल ट्रिप और 13 रूट पर 26 यूनिवर्सिटी लेडीज स्पेशल ट्रिप शामिल हैं।
इन सेवाओं से नेहरू प्लेस, एम्स, साउथ एक्सटेंशन, आर.के. पुरम, कनॉट प्लेस, आईटीओ, दिल्ली सचिवालय, करोल बाग, कश्मीरी गेट और शिवाजी स्टेडियम जैसे प्रमुख क्षेत्रों की कनेक्टिविटी बेहतर होगी। यूनिवर्सिटी स्पेशल सेवाओं से हिंदू कॉलेज, रामजस कॉलेज, दौलतराम कॉलेज, श्रीराम कॉलेज, एलएसआर, गार्गी कॉलेज, एआरएसडी और हंसराज कॉलेज समेत कई संस्थानों तक छात्राओं की आवाजाही आसान होगी।
लेडीज बसों में सुरक्षा की विशेष व्यवस्था
महिलाओं की सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए इन बसों में महिला पुलिसकर्मियों और होमगार्ड कर्मियों की तैनाती की गई है। बसों का संचालन महिला स्टाफ द्वारा किया जाएगा। बसों में लगे पैनिक बटन को दिल्ली पुलिस के 112 पीसीआर इमरजेंसी रिस्पॉन्स सिस्टम से एकीकृत किया गया है। आपात स्थिति में अलर्ट तेजी से पुलिस तक पहुंच सकेगा।
उपराज्यपाल तरनजीत सिंह संधू ने कहा कि ‘गति शक्ति’ के विजन के अनुरूप बेहतर कनेक्टिविटी, मजबूत गतिशीलता और ग्रीन इकॉनमी को बढ़ावा देना जरूरी है। उन्होंने कहा कि 200 नई इलेक्ट्रिक बसों और राजघाट डिपो में ईवी चार्जिंग स्टेशन की शुरुआत दिल्ली को स्वच्छ, हरित और टिकाऊ सार्वजनिक परिवहन की दिशा में आगे ले जाएगी।
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राजघाट में ईवी चार्जिंग स्टेशन शुरू
डीटीसी के राजघाट डिपो-1 में सार्वजनिक ईवी चार्जिंग स्टेशन भी शुरू किया गया है। यहां 240 किलोवाट क्षमता के चार ईवी चार्जर लगाए गए हैं, जो इलेक्ट्रिक बसों के अलावा भारी वाणिज्यिक इलेक्ट्रिक वाहनों और कारों को भी चार्ज कर सकेंगे। स्टेशन को 1600 केवीए कॉम्पैक्ट सब-स्टेशन के साथ विकसित किया गया है।
मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने कहा कि दिल्ली सरकार का लक्ष्य ऐसा सार्वजनिक परिवहन तंत्र तैयार करना है, जिसमें पर्यावरण संरक्षण के साथ यात्रियों की सुविधा और सुरक्षा को भी सर्वोच्च प्राथमिकता मिले। उन्होंने कहा कि इलेक्ट्रिक बसों का विस्तार, अंतरराज्यीय ई-बस सेवा, महिलाओं के लिए समर्पित बसें और चार्जिंग इंफ्रास्ट्रक्चर मिलकर एक स्वच्छ, स्मार्ट और आधुनिक दिल्ली की नींव मजबूत कर रहे हैं।
CM rekha gupta gave gift to DTC
2028-29 तक 14 हजार बसों का लक्ष्य
परिवहन मंत्री डॉ. पंकज कुमार सिंह ने कहा कि लेडीज स्पेशल बस सेवा महिलाओं और बेटियों के लिए सुरक्षित, सुविधाजनक और सम्मानजनक सार्वजनिक परिवहन की दिशा में महत्वपूर्ण पहल है। उन्होंने कहा कि सरकार का लक्ष्य 2028-29 तक दिल्ली के बस बेड़े को करीब 14,000 बसों तक विस्तारित करना है, ताकि दिल्ली और आसपास के क्षेत्रों में बेहतर और पर्यावरण-अनुकूल परिवहन सुविधा पहुंच सके।
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पंकज सिंह ने दावा किया कि ठोस कदमों और बेहतर संचालन के कारण इस वर्ष डीटीसी को मुनाफे में लाने में सफलता मिली है। उन्होंने कहा कि सरकार डीटीसी को आर्थिक रूप से मजबूत बनाने के साथ-साथ यात्रियों के लिए सुरक्षित और सुविधाजनक परिवहन व्यवस्था विकसित करने पर काम कर रही है।
कुल मिलाकर, 200 नई ईवी बसों की शुरुआत, 5,000 से अधिक इलेक्ट्रिक बसों का आंकड़ा, दिल्ली-करनाल ई-बस सेवा, महिलाओं के लिए समर्पित सेवाएं और राजघाट का चार्जिंग स्टेशन दिल्ली के सार्वजनिक परिवहन को ग्रीन, सुरक्षित और आधुनिक बनाने की दिशा में बड़े कदम के तौर पर देखे जा रहे हैं।
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