UP News : योगी सरकार ने चित्रकूट जिले के पारंपरिक काष्ठ कला और लकड़ी के खिलौनों को बढ़ावा देने के लिए ‘एक जनपद एक उत्पाद’ योजना के तहत प्रशिक्षण एवं टूलकिट कार्यक्रम की शुरुआत की है। स्थानीय हस्तशिल्पियों और कुशल और अकुशल कारीगरों के उत्पादों को सीधे वैश्विक स्तर पर बेचने के लिए जेम पोर्टल की शुरुआत की गई है। जिससे बिचौलियों का अंत होगा और कारीगरों को सीधा आर्थिक लाभ मिलेगा।
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उद्योग विभाग में हुई विशेष ऑनलाइन ट्रेनिंग वर्कशॉप
कारीगरों को डिजिटल तकनीक से जोड़ने के लिए वर्चुअल मीटिंग के जरिए विशेष ट्रेनिंग वर्कशॉप शुरू की गई है ताकि वे अपने उत्पादों को ऑनलाइन प्रदर्शित और कस्टमाइज़ कर सकें। जिसको लेकर गुरुवार को जिला उद्योग प्रोत्साहन एवं उद्यमिता विकास केंद्र, चित्रकूट में आवेदकों के चयन हेतु पहले चरण का साक्षात्कार (इंटरव्यू) संपन्न कराया गया। जहां गुरुवार को लक्ष्य के सापेक्ष कम आवेदन प्राप्त होने के कारण योगी सरकार ने संवेदनशीलता दिखाते हुए आवेदन की अंतिम तिथि को बढ़ाकर 10 सितंबर 2026 कर दिया है, ताकि कोई भी जरूरतमंद कारीगर इस योजना से वंचित न रहे।
ये हैं पात्रता और शर्तें
इस योजना का लाभ उठाने के लिए आवेदक को चित्रकूट का मूल निवासी होना अनिवार्य है। जिसमे न्यूनतम आयु 18 वर्ष होनी चाहिए और सरकार ने इसमें शैक्षणिक योग्यता की कोई बाध्यता नहीं रखी है। जहां इच्छुक हस्तशिल्पी अधिकारिक वेबसाइट msme.up.gov.in पर जाकर ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं या अधिक जानकारी के लिए जिला उद्योग कार्यालय में संपर्क कर सकते हैं।
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