नई दिल्ली। दिल्ली के जंतर-मतंर पर करीब 20 दिनों से पहलवान धरना दिए हुए हैं। पहलवानों का कहना है कि पहले बृजभूषण को जेल भेजा जाए , इसके बाद यह धरना प्रदर्शन खत्म होगा। इस बीच पूरे मामले ने नया मोड़ ले लिया है।
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बता दें कि डब्लूएफआई के अध्यक्ष ने अपने फेसबुक अकाउंट पर लिखा है कि अगर पहलवान चाहते हैं कि मैं नॉर्को टेस्ट करवाऊं तो मैं इसके लिए तैयार हूं ना सिर्फ नार्को टेस्ट कराऊंगा बल्कि पॉलिग्राफी टेस्ट और लाइव डिटेक्टर करवाने के लिए भी तैयार हूं। लेकिन मेरी शर्त इतनी है कि विनेश फोगाट और बजरंग पुनिया का भी यह टेस्ट होना चाहिए। अगर वो लोग तैयार है तो इस बात की घोषणा करें ।
इसी के साथ बृजभूषण ने कहा है कि इस प्रदर्शन से खेल का नुकसान हो रहा है ।जितनी जल्दी हो सके इसका ट्रायल कर लेना चाहिए। आज कई बच्चियां अखाड़े पर आई थीं। जिन्होंने अपनी वर्दी और जूते खरीद ली थी लेकिन सब बच्चियां अब नाराज हैं। खिलाड़ियों की संख्या घट रही है। कई पेरेंट्स अपने बच्चों को वापस ले जा रहे हैं ।
नार्को टेस्ट पर क्या बोलें खिलाड़ी?
प्रदर्शन पर बैठे पहलवानों से जब नार्को टेस्ट की बात पूछी गईं तो विनेश फोगाट ने मीडिया से बात करते हुए कहा कि वो सभी लड़कियां, जिन्होंने बृजभूषण के खिलाफ आवाज उठाई है, सभी इस टेस्ट के लिए तैयार हैं। लेकिन बृजभूषण का टेस्ट लाइव होना चाहिए।
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इस मामले में बोले बृजभूषण के बेटे
बता दें मामले को लेकर बयानबाजी देखने को मिल रही है। तो अब इस पूरे प्रकरण में बृजभूषण के बेटे ने भी अपने पिता के इस संदेश को टैग किया है। जिसमें उन्होंने नारको टेस्ट के लिए हामी भरी है।
क्या है पूरा मामला
बता दें कि पहलवान लगातार कई दिनों से प्रदर्शन कर रहे हैं। उनका कहना है कि बृजभूषण शरण सिंह ने महिला पहलवानों के साथ बदसलूकी की है । यौन उत्पीड़न का आरोप उनके ऊपर लगाते हुए पहले भी पहलवानों ने एक बार प्रदर्शन किया था उसके बाद खेल मंत्री के द्वारा इस पूरे मामले में दखल दिया गया।