Advertisement
  1. हिन्दी समाचार
  2. उत्तर प्रदेश
  3. चित्रकूट के रामघाट को पहले से भी भव्य और दिव्य बनाने की तैयारी, अधिकारियों ने लिया जायजा

चित्रकूट के रामघाट को पहले से भी भव्य और दिव्य बनाने की तैयारी, अधिकारियों ने लिया जायजा

By HO BUREAU 

Updated Date

चित्रकूट के रामघाट को पहले से भी भव्य और दिव्य बनाने की तैयारी, अधिकारियों ने लिया जायजा

Chitrakoot : बीते दिनों चित्रकूट में मन्दाकिनी नदी में आई भीषण बाढ़ से हुए नुकसान को लेकर संवेदनशील मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ बेहद गंभीर हैं। जहां रविवार को सीएम योगी ने खुद चित्रकूट पहुंचकर बाढ़ से हुए नुकसान को लेकर स्थलीय निरीक्षण कर अधिकारियों के साथ बैठक की थी, वहीं सीएम अपने हांथों से बाढ़ प्रभावित लोगों को राशन किट, चेक व भूमि आवंटन प्रमाण पत्र बांटे थे।

पढ़ें :- रहस्यमय बीमारी से पांच बच्चों की मौत, सैफई की टीम ने घर-घर जाकर की जांच

आपदा की इस घड़ी में चित्रकूट वासियों के घावों पर मरहम लगाने और धर्मनगरी को संकट से उबारने के लिए सीएम योगी के निर्देश पर शासन के वरिष्ठ आईएएस अधिकारियों की एक उच्च स्तरीय टीम हेलीकॉप्टर से सीधे चित्रकूट की धरती पर उतरी। मुख्यमंत्री की खास नज़र चित्रकूट पर है, और उनका स्पष्ट निर्देश है कि रामघाट को पहले से भी अधिक खूबसूरत, भव्य और दिव्य बनाया जाए।

वरिष्ठ अफसरों की टीम ने रामघाट पर लिया जायजा

चित्रकूट पहुंचे प्रमुख सचिवों की टीम ने रामघाट पर बाढ़ से हुए नुकसान का धरातलीय और सघन निरीक्षण किया। इस उच्च स्तरीय टीम में प्रमुख सचिव (पर्यटन) अमृत अभिजात, प्रमुख सचिव (नगर विकास) पी० गुरु, प्रमुख सचिव (राहत) ऋषिकेश भास्कर यशोध, प्रमुख सचिव (पीडब्ल्यूडी) अजय चौहान, प्रमुख सचिव (पशुधन) मुकेश मेश्राम और प्रमुख सचिव (सिंचाई) अमित गर्ग शामिल रहे। अधिकारियों ने नाव और पैदल चलकर घाटों की स्थिति को देखा और मातहतों को नुकसान का त्वरित आंकलन करने के कड़े निर्देश दिए।

संतों और व्यापारियों से संवाद कर जाना हाल

मुख्यमंत्री के आदेश पर आए इन वरिष्ठ अधिकारियों ने रामघाट पर मौजूद पूज्य संतों, स्थानीय व्यापारियों और तीर्थ पुरोहितों से सीधा संवाद किया। अफसरों ने बेहद संवेदनशीलता के साथ सभी की समस्याओं को सुना और ढांढस बंधाया कि योगी सरकार उनके साथ चट्टान की तरह खड़ी है। संतों और व्यापारियों ने भी संकट के समय मुख्यमंत्री द्वारा इतनी मुस्तैदी से उठाए गए कदमों की सराहना की।

‘चित्रकूट का कायाकल्प हमारी प्राथमिकता’

रामघाट के निरीक्षण और स्थानीय प्रशासन के साथ बैठक के बाद वरिष्ठ आईएएस अधिकारियों ने एक संयुक्त पत्रकारवार्ता को संबोधित किया। प्रमुख सचिवों ने कहा कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जी के निर्देश हैं कि बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में राहत कार्य युद्धस्तर पर चलाए जाएं। सभी विभागों चाहे वह नगर विकास हो, लोक निर्माण विभाग, पर्यटन, सिंचाई या पशुधन हो, सबको अपनी-अपनी जिम्मेदारियों को जल्द से जल्द शत-प्रतिशत पूर्ण करने को कहा गया है।

पढ़ें :- योगी सरकार की पहल, मुफ्त ट्रेनिंग से आत्मनिर्भर बनेंगे SC/ST वर्ग के युवा

पहले से भी भव्य दिखेगी धर्मनगरी

अफसरों ने स्पष्ट किया कि सरकार का लक्ष्य सिर्फ बाढ़ से राहत देना नहीं, बल्कि ऐतिहासिक रामघाट का इस तरह सौंदर्यीकरण करना है कि इसकी आभा पहले से भी अधिक अलौकिक और दिव्य नजर आए। इसके लिए एक वृहद कार्ययोजना तैयार की जा रही है। जिससे बुनियादी ढांचे को मजबूत करने के साथ-साथ पर्यटन को भी नया जीवन मिलेगा।

Sandeep

Disclaimer

इस लेख में व्यक्त विचार, मत एवं विश्लेषण मूल लेखक के हैं। इसे केवल प्रकाशन हेतु संपादित किया गया है। विचारों, मतों या उनसे उत्पन्न परिणामों के लिए वेब पोर्टल अथवा प्रकाशक उत्तरदायी नहीं होंगे।

देश और दुनिया की बाकी खबरों के लिए हमें फेसबुक, इंस्टाग्राम और यूट्यूब पर फॉलो करें।

पढ़ें :- ACJM के बंद आवास में चोरी, लाइसेंसी पिस्टल, सोने-चांदी के आभूषण और नकदी पर किया हाथ साफ
Advertisement