1. हिन्दी समाचार
  2. उत्तर प्रदेश
  3. आईडी हैक कर डिलीट किए लाखों के चालान: यूपी-उत्तराखंड में फैला हैं जाल

आईडी हैक कर डिलीट किए लाखों के चालान: यूपी-उत्तराखंड में फैला हैं जाल

मुरादाबाद में जन सुविधा केंद्र संचालक ने यातायात पुलिस और न्यायालय की आईडी हैक कर ली. यूपी-उत्तराखंड के 53 जिलों में फैला नेटवर्क, एक साल में 15 लाख का चूना

By Ruchi Kumari 
Updated Date

मुरादाबाद में जन सुविधा केंद्र संचालक ने यातायात पुलिस और न्यायालय की आईडी हैक कर ली. उसने ई चालान की धनराशि कम और डिलीट करके सरकार का लाखों रुपये का राजस्व नुकसान पहुंचा दिया.पुलिस ने जन सुविधा संचालक समेत दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया. जबकि इस गिरोह में शामिल तीन आरोपी फरार हैं. इसमें एक आरोपी अभि कुमार लाल मिश्रा उर्फ आर्य कुमार मिश्रा अयोध्या में आरटीओ कार्यालय में क्लर्क और दूसरा आरोपी दीपक राज कानपुर कचहरी में क्लर्क बताया जा रहा है. गिरोह का सरगना शाने आलम पहले अपने भाई की नल-पंप की दुकान पर काम करता था.यहां से ही उसने लोगों के ई चालान जमा करने का काम शुरू किया था. इसके बाद वह मैनाठेर के असदपुर निवासी जावेद के संपर्क में आया.तब दोनों ने आरटीओ कार्यालय के पास जन सुविधा केंद्र खोल लिया और ई चालान जमा करने लगे.

पढ़ें :- अब भोपाल में होगी केरल की तरह पंचकर्म थैरेपी: देश के पहले सरकारी वेलनेस सेंटर का आज सीएम करेंगे उद्धाटन

आरोपी मुरादाबाद निवासी लोगों के दूसरे जनपदों में भी जाकर ई चालान जमा करते थे. शाने आलम एक दिन कुशीनगर ई चालान जमा करने गया था. वहां आरोपी के सामने ही कर्मचारी ने धीरे धीरे आईडी खोली थी. तब उसने पूरी प्रक्रिया समझ ली थी. वहां से लौटने के बाद आरोपी ने वो ही आईडी अपने कंप्यूटर पर खोलकर देखी. जिसमें वह सफल हो गया था.

इसके बाद उसने ई चालान की धनराशि कम या डिलीट करना शुरू कर दी थी . आरोपी लोगों से पूरी रकम लेते थे. मुरादाबाद के अलावा यूपी और उत्तराखंड के 53 जिलों में अपना नेटवर्क खड़ा कर लिया था.आरोपियों ने न्यायालयों की आईडी भी हैक कर ली थी.

पुलिस पूछताछ में आरोपी ने बताया कि पहले लॉगिन करने के लिए पासवर्ड भरा जाता था. इसके बाद पुलिस विभाग की ओर से ई चालान की धनराशि जमा करने पर ओटीपी का प्रावधान कर सुरक्षा प्रक्रिया का समावेश किया गया. तब आरोपी शाने आलम ने अपना मोबाइल नंबर मुरादाबाद यातायात पुलिस की आईडी के साथ लगा दिया था. तब आईडी खोलने पर उसके पास भी ओटीपी आने लगा था. आरोपी पूरी साइट को खोलने में सफल रहता था.

पकड़े गए आरोपी शाने आलम और जावेद ने अपने कंप्यूटर का डाटा डिलीट कर दिया है. पुलिस ने कंप्यूटर और लैपटॉप को कब्जे में ले लिया. जिसका डाटा रिकवर कराने के लिए फोरेंसिक लैब भेजा जाएगा. जिससे पता चलेगा कि अब तक उसने कितने लोगों के ई चालान की धनराशि कम की थी. इस गिरोह में कहां कहां के लोग शामिल हैं.

पढ़ें :- America:चीनी हैकरों के गिरोह 'विन्ती' ने करोड़ों डॉलर की कोविड राहत चुराई,अमेरिका की सीक्रेट सर्विस ने किया खुलासा

मुरादाबाद यातायात पुलिस में तैनात कांस्टेबल अंकित कुमार ने मझोला थाने में आईपीसी की धारा 419, 420, 467, 468, 471 और आईटी एक्ट 66 डी व 72 में
दर्ज कराया है

इन टॉपिक्स पर और पढ़ें:
Hindi News से जुड़े अन्य अपडेट लगातार हासिल करने के लिए हमें Facebook, YouTube और Twitter पर फॉलो करे...