Monsoon Session : संसद का मानसून सत्र चल रहा है। संसद के बाहर राम मंदिर चढ़ावा मामले को लेकर विपक्ष प्रदर्शन कर रहा है। ऐसे में राज्यसभा में भी खूब हंगामा हुआ। मल्लिकार्जुन खरगे और किरेन रिजिजू के बीच बहस हो गई।
खरगे ने कहा कि राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट पर कैश, चढ़ावा, गहने और जमीन से जुड़े गंभीर आरोप लग रहे हैं। इस ट्रस्ट का गठन केंद्र सरकार ने किया था। संसद में इसकी घोषणा खुद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने की थी।
मल्लिकार्जुन खरगे ने कहा कि पीएम मोदी ने ट्रस्ट को 70 एकड़ से ज्यादा जमीन सौंपी और प्रधानमंत्री राम मंदिर के हर महत्वपूर्ण आयोजन में शामिल हुए हैं। अब ED, CBI और अन्य केंद्रीय जांच एजेंसियां कहां हैं। सरकार को सदन में इसका जवाब देना चाहिए। उनके इस बयान के बाद जमकर हंगामा हुआ।
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‘यह सदन सभी सदस्यों का है, केवल नेता प्रतिपक्ष का नहीं…’
किरेन रिजिजू ने मल्लिकार्जुन खरगे को जवाब देते हुए कहा कि यह सदन सभी सदस्यों का है, केवल नेता प्रतिपक्ष का नहीं, इसलिए इन्हें इस तरह बार-बार बोलने की अनुमति नहीं दी जानी चाहिए। ये वहीं लोग हैं, जो राम और राम मंदिर के खिलाफ थे। इसके बाद पक्ष विपक्ष दोनों तरफ से नारेबाजी शुरू हो गई।
इसके जवाब में किरेन रिजिजू ने सपा और कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कहा कि कांग्रेस और समाजवादी पार्टी सालों तक भगवान राम और राम मंदिर का विरोध करती रही हैं। राम मंदिर बनने पर काली पट्टी बांधकर विरोध किया था। आज वही लोग चंदा चोरी का नाटक कर रहे हैं।
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✍️Avinay Mishra
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